महाराष्ट्र: अजित पवार को लेकर बड़ी खबर, सिंचाई घोटाले में एसीबी ने दी क्लीन चिट
महाराष्ट्र में शिवसेना-एनसीपी और कांग्रेस की सरकार बनने के बाद अजित पवार को लेकर एक बड़ी खबर सामने आ रही है. बताना चाहते है कि एनसीपी नेता अजित पवार को सिंचाई घोटाले के 17 मामलों में क्लीन चिट मिल गई है. वही एसीबी ने 27 नवंबर को बॉम्बे हाईकोर्ट में क्लीन चिट को लेकर हलफनामा दायर किया है. एसीबी द्वारा जारी हलफनामे के मुताबिक विदर्भ सिंचाई विकास निगम के चेयरमैन रहे अजित पवार को एजेंसियों के कार्यों के लिए जिम्मेदार नहीं माना जा सकता.
मुंबई. महाराष्ट्र में शिवसेना-एनसीपी और कांग्रेस की सरकार बनने के बाद अजित पवार को लेकर एक बड़ी खबर सामने आ रही है. बताना चाहते है कि एनसीपी नेता अजित पवार को सिंचाई घोटाले के 17 मामलों में क्लीन चिट मिल गई है. वही एसीबी ने 27 नवंबर को बॉम्बे हाईकोर्ट में क्लीन चिट को लेकर हलफनामा दायर किया है. एसीबी द्वारा जारी हलफनामे के मुताबिक विदर्भ सिंचाई विकास निगम के चेयरमैन रहे अजित पवार को एजेंसियों के कार्यों के लिए जिम्मेदार नहीं माना जा सकता. इसका सबसे बड़ा कारण ये है कि एनसीपी नेता के पास कोई भी कानूनी जिम्मेदारी नहीं है.
बता दें कि 25 नवंबर को जब महाराष्ट्र में सियासी ड्रामा जारी था तब एसीबी ने सिंचाई घोटाले से जुड़े नौ केस बंद कर दिए थे. एसीबी (ACB) ने कहा था कि जो नौ केस बंद किए गए हैं, उनका मामलों का एनसीपी नेता अजित पवार से कोई लेना देना नहीं है. यह भी पढ़े-महाराष्ट्र में ठाकरे सरकार: शिवसेना-कांग्रेस और एनसीपी से 2-2 विधायक लेंगे शपथ, अजित पवार का नंबर नहीं
अजित पवार को सिंचाई घोटाले में एसीबी ने दी क्लीन चिट
Maharashtra’s anti-corruption bureau (ACB) clears NCP's Ajit Pawar of allegations in irrigation scam.The affidavit, submitted on 27 Nov at Bombay HC,states 'Chairman of VIDC (Ajit Pawar) can't be held responsible for acts of executing agencies,as there's no legal duty on his part pic.twitter.com/C31dKmyABQ
— ANI (@ANI) December 6, 2019
ज्ञात हो कि इससे पहले सूबे में हुए करीब 70 हजार करोड़ के कथित सिंचाई घोटाले में एसीबी ने नवंंबर 2018 में एनसीपी नेता अजित पवार को इसका जिम्मेदार माना था. बॉम्बे हाईकोर्ट को एसीबी ने बताया था कि करोड़ों रुपये के कथित सिंचाई घोटाला मामले में उसकी जांच में अजित पवार और अन्य सरकारी अधिकारियों की ओर से भारी चूक की बात सामने आई है.
उल्लेखनीय है कि सूबे में यह घोटाला करीब 70,000 करोड़ रुपये का है, जो कांग्रेस- एनसीपी के शासन के दौरान सिंचाई परियोजनाओं को मंजूरी देने और उन्हें शुरू करने में कथित भ्रष्टाचार व अनियमितताओं से जुड़ा है.
(The above story first appeared on LatestLY on Dec 06, 2019 11:27 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

