पटना जंक्शन पर भारी अव्यवस्था: ट्रेनों में चढ़ने के लिए परीक्षार्थियों का संघर्ष, परीक्षा छूटने पर पाटलिपुत्र स्टेशन पर पथराव और हंगामा (Watch Videos)
बिहार पुलिस मद्यनिषेध विभाग की सिपाही भर्ती परीक्षा के दौरान रविवार को पटना और पाटलिपुत्र रेलवे स्टेशनों पर भारी भीड़ के कारण अराजकता की स्थिति पैदा हो गई. ट्रेनों की कमी और रद्दीकरण के चलते सैकड़ों छात्रों की परीक्षा छूट गई, जिसके बाद गुस्साए अभ्यर्थियों ने पाटलिपुत्र स्टेशन पर तोड़फोड़ और पथराव किया.
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पटना, 14 जून: बिहार पुलिस मद्यनिषेध (निषेध) (Bihar Police Prohibition) विभाग की सिपाही भर्ती परीक्षा (Constable Recruitment Exam) में शामिल होने आए लाखों परीक्षार्थियों के कारण रविवार को पटना जंक्शन और पाटलिपुत्र रेलवे स्टेशनों (Patna Junction and Pataliputra Railway Stations) पर भारी अव्यवस्था और अराजकता का माहौल देखा गया. ट्रेनों में क्षमता से अधिक भीड़ होने, उड़ानों व ट्रेनों के रद्द होने और समय पर परिचालन न होने के कारण सैकड़ों अभ्यर्थियों की परीक्षा छूट गई. इस अव्यवस्था से नाराज छात्रों ने पाटलिपुत्र रेलवे स्टेशन पर जमकर हंगामा किया, जिसके बाद स्थिति को नियंत्रित करने के लिए पुलिस को हल्का बल प्रयोग करना पड़ा. यह भी पढ़ें: UP Police Constable Bharti 2026: यूपी पुलिस में 32,679 कांस्टेबल पदों के लिए भर्ती, uppbpb.gov.in पर जल्द करें आवेदन; जानें योग्यता और आयु सीमा
ट्रेनों की कमी और रद्दीकरण से बढ़ी मुसीबत
परीक्षा देने आए छात्रों का आरोप है कि अभ्यर्थियों की भारी संख्या को देखते हुए रेलवे द्वारा किए गए इंतजाम पूरी तरह नाकाफी थे. पाटलिपुत्र स्टेशन पर मौजूद रवि कुमार नामक छात्र ने बताया, "इस परीक्षा में करीब 14 लाख छात्र शामिल हो रहे हैं, लेकिन पाटलिपुत्र से केवल दो ट्रेनें दी गईं. इतने कम साधनों में इतने छात्र कैसे यात्रा कर सकते हैं? मेरी पहली पाली की परीक्षा छूट गई है और अब मैं वापस लौट रहा हूं."
एक अन्य अभ्यर्थी रविंद्र कुमार ने बताया कि उनका परीक्षा केंद्र समस्तीपुर में था. वे सुबह से स्टेशन पर थे, ट्रेन का समय 9:35 बजे था लेकिन वह समय पर रवाना नहीं हुई. भीड़ इतनी ज्यादा थी कि लोगों को ट्रेन के दरवाजों और खिड़कियों पर लटककर जान जोखिम में डालकर सफर करना पड़ा. कई छात्रों ने शिकायत की कि ऐन वक्त पर कुछ ट्रेनों को रद्द कर दिए जाने से स्थिति और ज्यादा बिगड़ गई.
पटना जंक्शन पर भारी भीड़
बिहार के पाटलिपुत्र जंक्शन स्टेशन पर छात्रों का प्रदर्शन,बिहार पुलिस मद्य निषेध की परीक्षा देने जा रहे परीक्षार्थियों ने समय से ट्रेन न आने पर किया विरोध प्रदर्शन. #bihar pic.twitter.com/5XCZxMWKaL
— Vipin (@vipraj04) June 14, 2026
पाटलिपुत्र स्टेशन पर भारी भीड़
Patna, Bihar: A protest by exam candidates at Patliputra Railway Station turned violent, with reports of train vandalism. Police used tear gas, fired warning shots, and conducted a baton charge to disperse the crowd. The situation remains tense pic.twitter.com/ElBCYed38D
— IANS (@ians_india) June 14, 2026
पाटलिपुत्र स्टेशन पर तोड़फोड़ और पथराव
ट्रेनों की लेटलतीफी और भीड़ से परेशान छात्रों का गुस्सा दोपहर होते-होते फूट पड़ा. पाटलिपुत्र रेलवे स्टेशन पर बड़ी संख्या में जमा हुए अभ्यर्थियों ने हंगामा शुरू कर दिया. इस दौरान कुछ उपद्रवी तत्वों ने रेलवे संपत्ति को निशाना बनाते हुए पथराव और तोड़फोड़ की. प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, आक्रोशित समूहों ने ट्रेनों को रोकने के लिए बार-बार आपातकालीन वैक्यूम चेन खींची, जिससे परिचालन पूरी तरह ठप हो गया. स्थिति को बिगड़ता देख रेलवे सुरक्षा बल (RPF) और स्थानीय पुलिस के जवानों को मोर्चा संभालना पड़ा.
प्रशासन का बयान और पुलिस की कार्रवाई
मामले की गंभीरता को देखते हुए पटना के जिलाधिकारी (DM) डॉ. चंद्रशेखर सिंह और वरिष्ठ पुलिस अधिकारी मौके पर पहुंचे. पटना के जिलाधिकारी थियागराजन एसएम ने बताया कि व्यवधान की शुरुआत मध्यरात्रि के आसपास हुई थी जब परीक्षार्थियों की भारी भीड़ स्टेशन पर जुटने लगी थी.
जिलाधिकारी का आधिकारिक बयान: "हमें देर रात सूचना मिली कि कुछ लोग स्टेशन पर हंगामा कर रहे हैं. हमने उनसे बार-बार शांति बनाए रखने और अन्य परीक्षार्थियों का सहयोग करने की अपील की. हालांकि, कुछ असामाजिक तत्वों ने विशेष ट्रेनों की मांग को लेकर बार-बार आपातकालीन जंजीर (चेन पुलिंग) खींची, जबकि प्रशासन द्वारा पहले से ही दो विशेष ट्रेनें उपलब्ध कराई गई थीं. इस व्यवधान के कारण हमें भीड़ को हटाने के लिए हल्का बल प्रयोग करना पड़ा. अब स्थिति पूरी तरह सामान्य है और परीक्षार्थियों के लिए ट्रेनें रवाना की जा चुकी हैं."
'विकसित भारत' के दावों पर उठे सवाल
स्टेशन पर बुनियादी सुविधाओं और प्रबंधन की कमी को लेकर छात्रों में सरकार के खिलाफ भी भारी नाराजगी देखी गई. परीक्षा देने आए सौरव कुमार नामक छात्र ने व्यवस्था की आलोचना करते हुए कहा, "एक तरफ साल 2047 तक भारत को 'विकसित भारत' बनाने के बड़े-बड़े वादे किए जा रहे हैं, दूसरी तरफ जमीनी हकीकत यह है कि देश के युवाओं को एक अदद परीक्षा देने जाने के लिए पैसेंजर ट्रेनों में बैठने तक की जगह नहीं मिल रही है. प्रधानमंत्री को राष्ट्रीय स्तर की परीक्षाओं के लिए अनिवार्य रूप से पर्याप्त संख्या में परीक्षा विशेष ट्रेनें चलानी चाहिए."
फिलहाल, पूर्व मध्य रेलवे और पटना जिला प्रशासन ने पुष्टि की है कि स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में है और सभी रूटों पर ट्रेनों का आवागमन सामान्य रूप से बहाल कर दिया गया है. पुलिस हुड़दंग करने वाले असामाजिक तत्वों की पहचान के लिए स्टेशन के सीसीटीवी (CCTV) फुटेज खंगाल रही है.
(The above story first appeared on LatestLY on Jun 14, 2026 12:43 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

