जरुरी जानकारी | अमेरिकी अदालत ने बीसीसीआई-बायजू समझौते पर रोक लगाने के जीएलएएस के आवेदन को खारिज किया
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on Information at LatestLY हिन्दी. शिक्षा प्रौद्योगिकी कंपनी बायजू ने बृहस्पतिवार को कहा कि एक अमेरिकी अदालत ने भारतीय क्रिकेट बोर्ड (बीसीसीआई) के साथ उसके समझौते पर अस्थायी रोक लगाने के जीएलएएस ट्रस्ट कंपनी के आवेदन को खारिज कर दिया है।
नयी दिल्ली, आठ अगस्त शिक्षा प्रौद्योगिकी कंपनी बायजू ने बृहस्पतिवार को कहा कि एक अमेरिकी अदालत ने भारतीय क्रिकेट बोर्ड (बीसीसीआई) के साथ उसके समझौते पर अस्थायी रोक लगाने के जीएलएएस ट्रस्ट कंपनी के आवेदन को खारिज कर दिया है।
इस महीने की शुरुआत में राष्ट्रीय कंपनी विधि अपीलीय न्यायाधिकरण (एनसीएलएटी) ने बायजू को बीसीसीआई के साथ 158.9 करोड़ रुपये के बकाये के निपटाने की मंजूरी दे दी थी।
इसके साथ ही बायजू के खिलाफ दिवाला कार्यवाही को रोक दिया गया था।
बायजू ब्रांड की मालिक थिंक एंड लर्न ने कहा कि वह कंपनी में बदलाव लाने के लिए जारी प्रयासों को बाधित करने के जीएलएएस (विदेशी ऋणदाता संघ का प्रतिनिधित्व करने का दावा) के प्रयासों को खारिज करने के डेलावेयर दिवाला न्यायालय के फैसले का स्वागत करती है।
जीएलएएस ने एनसीएलएटी के समक्ष बीसीसीआई के साथ समझौते का भी विरोध किया था और आरोप लगाया था कि रिजू रवींद्रन ने जो राशि दी है, वह ‘राउंड-ट्रिपिंग’ का मामला है।
बायजू ने कहा कि डेलावेयर अदालत का फैसला बीसीसीआई और थिंक एंड लर्न के बीच हुए समझौते की वैधता को पुष्ट करता है।
(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)
(The above story first appeared on LatestLY on Aug 08, 2024 03:04 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

