जरुरी जानकारी | ओयो के खिलाफ दिवालापन की याचिका एनसीएलटी ने सुनवायी के लिए स्वीकार की

नयी दिल्ली, सात अप्रैल राष्ट्रीय कंपनी कानून न्यायाधिकरण (एनसीएलटी) ने ओयो होटल्स से 16 लाख रुपये की वसूली के लिये दिवाला संहिता के तहत कार्यवाही शुरु किये जाने की याचिका दाखिल करने की मंजूरी दी है।

यह याचिका एक आपर्तिकर्ता की है जिसका नाम जाहिर नहीं है।हालांकि, ओयो ने इस दाखिले को अपीलीय न्यायाधिकरण के समक्ष चुनौती दी है।

इस आपूर्तिकर्ता का दावा है कि ओयो ने उसके 16 लाख रुपये का भुगतान नहीं किया। एनसीएलटी ने अहमदाबाद स्थित केयूर जगदीशभाई शाह को मामले में अंतरिम समाधान पेशेवर नियुक्त किया है।

ओयो होटल्स के संस्थापक रितेश अग्रवाल ने ट्विटर पर इस मामले को खारिज करते हुये कहा कि कंपनी ने शुरु में आपूर्तिकर्ता के 16 लाख रुपये के दावे का विरोध किया था लेकिन बाद में विरोध जताते हुये इसका भुगतान कर दिया था।

उन्होंने कहा कि ओयो उस राशि का भुगतान विरोध के साथ कर चुकी है और जिस आपूर्तिकर्ता ने इसका दावा किया था वह राशि को बैंक में जमा करा चुका है। ‘‘ इस मामले में ओयो ने एनसीएलएटी में अपील की है।’’ उन्होंने कहा कि ओयो महामारी के प्रभाव से धीरे धीरे बाहर निकल रही है और हमारा सबसे बड़ा बाजार मुनाफे में रहते हुये काम कर रहा है।

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